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*सिलवटें* विकेश निझावन की कहानियां पाठक के संतृप्त हृदय पर शीतलता की फुहार करती, दर्द व मन की टीस को दुआओं में बदलती, दुख भरे जीवन में भी पाठक के हृदय को धीरे-धीरे सहलाती व कभी-कभी मल्हार गीत गाती प्रतीत होती है। यह कहने में कोई अतिशयोक्ति न होगी कि इनका कथा कौशल इन्हें निर्मल वर्मा, कमलेश्वर व गोविंद मिश्र के समकक्ष लाता है। 'सिलवटें' शीर्षक के अंतर्गत सभी कहानियाँ सिलवटें शब्द का बखूबी प्रतिनिधित्व करती हैं। ये कहानियाँ मनुष्य के मन के आकाश में घिरे काम,क्रोध, लोभ, मोह, अहंकार के अंधेरों को उकेरती, अंधेरे मन की तलहटीयों में पड़ी अनेक ऐसी गुफाओं से परिचय कराती हैं जहाँ केवल लेखक की लेखनी का प्रकाश ही इन्हें प्रकाशित कर समाज का मार्गदर्शन करता है और कीचड़ में कमल खिले होने की कला का संदेश देती हैं।
- Author:
- Vikesh Nijhawan
- Publisher:
- Jvp Publication Pvt. Ltd.
- Publication Date:
- Aug 11, 2020
- Number of pages:
- 170 pages
- Language:
- Hindi
- Binding:
- Paperback
- ISBN-10:
- 8194695430
- ISBN-13:
- 9788194695431